वामन-पगों से पुनःप्राप्त त्रिविष्टप
'प्रत्यादित्सुस्त्रिविष्टपम्' (भा. १.३.१९)।
Svarga (heaven)
अन्य नाम Trivistapa (the threefold heaven)
स्वर्ग (त्रिविष्टप) — हिन्दू लोक-विज्ञान का इन्द्र का स्वर्ग-लोक: पुण्य का अस्थायी फल-भोग-स्थान, जहाँ के अधिपति इन्द्र हैं। भा. १.३.१९: वामन के तीन पगों का लक्ष्य यही त्रिविष्टप था; भा. १.१.४ में ऋषियों का सत्र भी 'स्वर्गाय लोकाय' कहा गया था।
श्रीमद्भागवतमहापुराण 1.3.19 — संस्कृत विकिस्रोत (स्थिर oldid=369178)
'प्रत्यादित्सुस्त्रिविष्टपम्' (भा. १.३.१९)।