इसकी उत्पत्ति शिव पुराण से जुड़ी है, जिसमें पार्वती से विवाह, तांडव, और समुद्र मंथन में विषपान की कथाएँ हैं।
शिव पुराण के अनुसार, इस रात्रि को शिव ने तांडव नृत्य किया और पार्वती से विवाह किया। यह वह रात भी है जब समुद्र मंथन से निकले विष को पीकर शिव ने संसार की रक्षा की।
Shiva Purana