देवी-देवता और दिव्य पात्र
पुराणों से संकलित देवता, ऋषि, राजा, स्थान और सिद्धांत—खोजें, छानें और प्रत्येक प्रोफ़ाइल खोलें।
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यजुर्वेद
Yajur Vedaयजुर्वेद — चार वेदों में द्वितीय: यज्ञीय कर्मकाण्ड की निर्देशात्मक वाणी (यजुः); शुक्ल और कृष्ण दो शाखाएँ। भा. १.४.२० में एक वेद से उद्धृत; ध…
सामवेद
Sama Vedaसामवेद — चार वेदों में तृतीय: ऋचाओं का साङ्गीतिक गायन (साम); भारतीय संगीत का आदि-स्रोत। भा. १.४.२० में एक वेद से उद्धृत; धारक जैमिनि।
अथर्ववेद
Atharva Vedaअथर्ववेद — चार वेदों में चतुर्थ: अथर्वा और अङ्गिरा ऋषियों की परम्परा; लौकिक विषयों (औषधि, ज्योतिष, रक्षा-यन्त्र) के साथ आध्यात्मिक मन्त्र। भ…
पैल
Pailaपैल — व्यास के शिष्य, ऋग्वेद के प्रथम धारक: 'ऋग्वेदधरः पैलः' (भा. १.४.२१)।
जैमिनि
Jaiminiजैमिनि — व्यास के शिष्य, सामवेद के धारक और पूर्व-मीमांसा-सूत्र के प्रणेता (परम्परा में): 'सामगो जैमिनिः कविः' (भा. १.४.२१)।
वैशम्पायन
Vaishampayanaवैशम्पायन — व्यास के प्रमुख शिष्य, यजुर्वेद (तैत्तिरीय शाखा) के धारक: 'वैशम्पायन एवैको निष्णातो यजुषाम्' (भा. १.४.२१); परम्परा में महाभारत क…
सुमन्तु
Sumantuसुमन्तु — व्यास के शिष्य, अथर्ववेद के धारक: 'अथर्वाङ्गिरसामासीत्सुमन्तुर्दारुणो मुनिः' (भा. १.४.२२)।
महाभारत
Mahabharataमहाभारत — विश्व का दीर्घतम महाकाव्य (लगभग १ लाख श्लोक): व्यास-विरचित, कुरु-पाण्डव युद्ध का इतिहास, भगवद्गीता इसी में; भारतीय संस्कृति का विश…
द्वापरयुग
Dvapara-yugaद्वापरयुग — चार युगों में तृतीय: धर्म के दो पाद रहने का युग, जिसमें व्यास (हरि की कला) जन्मे और महाभारत-युद्ध हुआ। भा. १.४.१४: 'द्वापरे समनु…
सरस्वती नदी
Sarasvati (river)सरस्वती नदी — वैदिक काल की सबसे पवित्र नदी जिसका उल्लेख ऋग्वेद में बार-बार आता है; वर्तमान में घग्गर-हाकरा नदी की सूखी धारा से पहचानी जाती ह…
कुरुजाङ्गल
Kuru-jangalaकुरुजाङ्गल — कुरु-साम्राज्य का जंगल-प्रदेश: वर्तमान हरियाणा-दिल्ली क्षेत्र; शुकदेव अपने गृह-त्याग के बाद यहीं विचरते हुए पहुँचे: 'संप्राप्तः…
हस्तिनापुर
Hastinapuraहस्तिनापुर — कुरु-राजधानी, महाभारत-युद्ध का केन्द्र; वर्तमान उत्तर प्रदेश (मेरठ जिला) में स्थित पुरातात्विक स्थल। 'गजसाह्वय' नाम से भा. १.४.…
अभिमन्यु
Abhimanyuअभिमन्यु — अर्जुन और सुभद्रा का पुत्र, चक्रव्यूह-भेदन का किशोर-वीर, उत्तरा का पति; महाभारत-युद्ध के १३वें दिन वीरगति पाई। परीक्षित इन्हीं के…
पाण्डव
Pandavasपाण्डव — पाण्डु के पाँच पुत्र (युधिष्ठिर, भीम, अर्जुन, नकुल, सहदेव): महाभारत के नायक, धर्म-राज्य के प्रतीक। भा. १.४.१०: परीक्षित 'पाण्डूनां …
अर्जुन
Arjunaअर्जुन — पाण्डु-कुन्ती का तीसरा पुत्र, कृष्ण का परम मित्र: महाभारत-युद्ध का नायक, भगवद्गीता का शिष्य; इन्द्र का पुत्र परम्परा में माने जाते …
भीम
Bhimasenaभीम (भीमसेन / वृकोदर) — पाण्डु-कुन्ती का दूसरा पुत्र, वायु का अंश; असाधारण शारीरिक शक्ति वाले वीर जिन्होंने दुर्योधन की जंघा तोड़ी। भा. १.७.…
युधिष्ठिर
Yudhishthiraयुधिष्ठिर (धर्मसुत) — पाण्डु-कुन्ती का ज्येष्ठ पुत्र, धर्म का अंश: सत्य और न्याय का मूर्तिमान; हस्तिनापुर का सम्राट। भा. १.७.४९: 'राजा धर्मस…
द्रौपदी
Draupadiद्रौपदी (कृष्णा / पाञ्चाली) — द्रुपद की कन्या, पाँच पाण्डवों की पत्नी; अग्नि से उत्पन्न परम्परा में मानी जाती हैं। पाँच पुत्रों (उपपाण्डवों)…
अश्वत्थामा
Ashvatthamaअश्वत्थामा — द्रोणाचार्य का पुत्र, ब्राह्मण-क्षत्रिय; महाभारत-युद्ध के अन्त में सोते हुए पाण्डव-पुत्रों का वध किया; ब्रह्मास्त्र चलाया। भा. …
द्रोण
Dronaद्रोणाचार्य — भरद्वाज के पुत्र, महाभारत के दोनों पक्षों के आचार्य (अस्त्र-विद्या के गुरु); अश्वत्थामा के पिता। भा. १.७.४५: 'स एष भगवान् द्रो…